Your image is ready, you can save / share this image
Please wait!
#MPsPerformance


%
RANKOUT OF

गैर-बैकिंग वित्तीय संस्थाऐं कैसे करेंगी खस्ताहाल अर्थव्यवस्था में मदद!

लॉकडाउन का मार भारतीय अर्थव्यवस्था को लगातार कमज़ोर कर रहा है। ऐसे में केंद्रीय गृह मंत्रालय नें कुछ संस्थाओं को लॉकडाउन में छूट देने की घोषणा की है। जिसमें गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थान भी शामिल हैं। ऐसे में सरकार का यह फैसला काफी कारगर साबित हो सकता है।

Suyash Tripathi
Suyash Tripathi | 17 Apr, 2020 | 4:54 pm

कोरोना के कहर से दुनियाभर की अर्थव्यवस्था पर गहरा चोट पड़ी है। बैंकिंग से लेकर गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थाओं तक की हालत खस्ता हो गई है, जिसकी वजह से जीडीपी और मुद्रा दर दोनों ही प्रभावित हुए हैं। विकास दर में भी भारी गिरावट आंका गया है।कोरोना के बढ़ते संकट को देखते हुए भारत सरकार ने लॉकडाउन की अवधि 3 मई तक आगे बढ़ा दिया है, लेकिन सरकार ने साथ ही साथ यह भी वादा किया है कि 20 अप्रैल से कई संस्थानों को लॉकडाउन में छूट दिया जाएगा। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने लॉकडाउन की अवधि के दौरान 20 अप्रैल से कुछ गतिविधियों को छूट दे दी है, इसके लिए राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों की सरकार के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।

Main
Points
दुनियाभर में लॉकडाउन का अर्थव्यवस्था पर बढ़ता रहा है असर
भारतीय अर्थव्यवस्था पर पड़ेगा 7 से 8 लाख करोड़ का चोट
केंद्रीय गृह मंत्रालय 20 अप्रैल से लॉकडाउन में देगी कुछ संस्थानों को छूट
गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थाओं को भी सरकार की छूट
लॉकडाउन में काम कर सकेंगे गैर बैंकिंग वित्तीय संस्थान

गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थाओं को हरी झंडी

सरकार ने गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थाओं, हाउसिंग फाइनेंस, लघु वित्त संस्थानओं को लॉकडाउन के दौरान न्यूनतम कर्मचारियों के साथ काम करने की अनुमति दी है। इसके साथ ही गृह मंत्रालय के नए दिशा-निर्देशों के अनुसार, इमारती लकड़ियों वाले पेड़ों को छोड़ कर जंगल के अन्य पेड़ों, अन्य वनोत्पाद के दोहन एवं इकट्ठा करने में आदिवासियों और वनवासियों को लॉकडाउन से छूट दी है। बांस, नारियल, सुपारी, कोको, मसाले की खेती, उनकी कटाई, प्रसंस्करण, पैकेजिंग, बिक्री और मार्केटिंग को भी लॉकडाउन से छूट दी गई है।

क्या हैं गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थान

गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थानों का प्रमुख काम छोटे कारोबारियों को कारोबार चलाने के लिए उधार देना है। साथ ही विभिन्न प्रकार के शेयरों/स्टॉक/ बांड्स/ डिबेंचरों/प्रतिभूतियों, पट्टा कारोबार, किराया-खरीद(हायर-पर्चेज), बीमा कारोबार, चिट संबंधी कारोबार में निवेश करना होता है। गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थान लगभग 0.4 ट्रिलियन डॉलर का निवेश भारतीय अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए करती है। इस क्षेत्र की क्षमता को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है, यह वित्तीय समावेशन को बढ़ावा देने और भारतीय अर्थव्यवस्था को निरंतर प्रगति के पथ पर लाने में अहम भूमिका निभाती हैं। सितंबर 2018 में हुए आईएल एंड एफएस घोटाले के बाद से लगातार गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थाओँ को नुकसान झेलना पड़ रहा था। घोटाले में पकड़े गए लोग कंपनी के डिबेंचर धारक थे- पेंशन फंड, म्यूचुअल फंड और एनबीएफसी के वे ऋणदाता जिन्होंने आईएल एंड एफएस को कर्ज दिया था। इस घोटाले की वजह से जीडीपी विकास दर में 5.6% की गिरावट भी आई थी।

भारतीय अर्थव्यवस्था पर असर

केंद्रीय गृह मंत्रालय के इस आदेश में सहकारी समितियों को भी गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थानों के साथ छूट में जोड़ा गया है। ग्रामीण इलाकों में निर्माण गतिविधियों, पानी की आपूर्ति, साफ-सफाई, बिजली, दूरसंचार की लाइनें बिछाने को भी लॉकडाउन से छूट दी गई है। लॉकडाउन की स्थिति में भारतीय अर्थव्यवस्था को 7 से 8 लाख करोड़ का नुकसान होने की संभावना है। ऐसे में केंद्रीय गृह मंत्रालय का यह आदेश लॉकडाउन में अर्थव्यवस्था पर लगी चोट पर मरहम का काम करेगा। थमी हुई भारतीय अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने में गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थाऐं, हाउसिंग फाइनेंस, लघु वित्त संस्थान अहम भूमिका निभा सकते हैं जिससे खस्ता हाल अर्थव्यवस्था को थोड़ी राहत मिलने का अनुमान है। इन संस्थानों के काम करने से भारतीय अर्थव्यवस्था पर पड़े नुकसान में लगभग 8 हजार 200 करोड़ की कमी आने की संभावना है।

देश की प्रमुख गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थाऐं

वैसे तो गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थाओं की संख्या सैकड़ों में है लेकिन कुछ प्रमुख संस्थाओं के बारे में जानिए।

1. बजाज फाईनेंस लि.

2. मुथूट फाईंनेंस लि.

3. महिन्द्रा एंड महिन्द्र फाईंनेंस सर्विस लि.

4. एचबीडी फाईंनेंस सर्विस 

5. चोलामंडलम फाईंनेंस लि.

6. टाटा कैपिटल फाईनेंसियल सर्विस लि.

7. आदित्य बिरला फाईनेंस लि.

8. एल एंड टी फाईनेंस लि. 

9. श्रीराम ट्रांसपोर्ट फाईनेंस कं. लि.

10. पॉवर फाईनेंस कॉरपोरेशन लि.

Tags:
Corona   |  Lockdown   |  NBFC   |  GDP   |  MoHA   |  Indian   |  Economy   |  Govt of India

Stories for you

SEARCH YOUR MP

Or

Selected MP