Your image is ready, you can save / share this image
Please wait!
#MPsPerformance


%
RANKOUT OF

आम जनता त्राहिमाम, मौज़ में हुक्काम

उत्तराखंड प्रशासन द्वारा मिले अनुमति पत्र में विधायक को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पिता की आत्मा के उद्धार के लिए प्रार्थना करने हेतु पवित्र स्थलों पर जाने की अनुमति दी गई थी जबकि लॉकडाउन के दौरान केदारनाथ में आम आबादी का प्रवेश वर्जित है।

PB Desk
PB Desk | 04 May, 2020 | 3:45 pm

एक तरफ जहां आम जनता इस महामारी के बीच भुखमरी समेत तमाम परेशानियों से दो-चार हो रही है वहीं देश में वीआईपी कल्चर का दौर अब भी बदस्तूर जारी है। लॉकडाउन के बीच बिहार विधानसभा सदस्य अनिल सिंह द्वारा अपनी अति विशिष्ट पहचान के बल पर कोटा यात्रा करने के बाद एक और मामला उत्तर प्रदेश विधानसभा सदस्य से जुड़ा हुआ सामने आया है। 

Main
Points
विधायक अमनमणि त्रिपाठी पर महामारी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज
उत्तराखंड के अपर मुख्य सचिव की अनुमति पर बद्रीनाथ की यात्रा पर थे।
2016 में अपनी पत्नी सारा की हत्या के आरोप में जा चुके हैं जेल

रविवार को देर रात्रि उत्तर प्रदेश के नौतनवां विधानसभा क्षेत्र से निर्दलीय विधायक अमनमणि त्रिपाठी और उनके 11 अन्य साथियों को लॉकडाउन मानकों का उल्लंघन करने और सरकारी अधिकारियों के साथ दुर्व्यवहार करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया। माननीय विधानसभा सदस्य इस संकट की घड़ी में अपने विधानसभा क्षेत्र के लोगों से 800 किलोमीटर दूर उत्तराखंड के चमोली जिले के गौचर में अधिकारियों के साथ बहस करते हुए पाए गए। विधायक पर अधिकारियों द्वारा जांच के लिए रोके जाने पर बदसलूकी करने का आरोप है। हालाँकि देर रात ही विधायक सहित अन्य लोगों को जमानत भी दे दी गयी।

दरअसल विधायक अमनमणि त्रिपाठी अपने 11 अन्य साथियों के साथ उत्तराखंड के अपर मुख्य सचिव ओमप्रकाश की अपेक्षित अनुमति लेकर बद्रीनाथ और केदारनाथ की निर्धारित यात्रा पर थे। उत्तर प्रदेश से तीन मई को यह दल तीन वाहनों में सफर पर निकला था। विधायक पर आरोप है कि गौचर बैरियर पर उत्तराखंड प्रशासन द्वारा रोके जाने पर विधायक ने रुकने से मना कर दिया और कर्णप्रयाग की ओर चले गए जहां उनकी बहस स्क्रीनिंग के लिए तैनात चिकित्सकों और प्रशासन के अधिकारियों के साथ हुई। 

राज्य के डीजी लॉ एंड ऑर्डर अशोक कुमार ने मीडिया को जानकारी दी कि विधायक अमनमणि त्रिपाठी और 11 अन्य लोगों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता, आपदा प्रबंधन अधिनियम और महामारी रोग अधिनियम की धारा 188, 269 और 270 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। गिरफ्तार होने के बाद उन्हें नोटिस दे कर वापस उत्तर प्रदेश भेज दिया गया । 

उत्तराखंड प्रशासन द्वारा मिले अनुमति पत्र में विधायक को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पिता की आत्मा के उद्धार के लिए प्रार्थना करने हेतु पवित्र स्थलों पर जाने की अनुमति दी गई थी जबकि लॉकडाउन के दौरान केदारनाथ में आम आबादी का प्रवेश वर्जित है। बावजूद इसके उन्हें दर्शन करने की अनुमति प्रदान की गई। 

उत्तर प्रदेश में मुलायम सिंह सरकार में कैबिनेट मंत्री रहे अमरमणि त्रिपाठी के पुत्र अमनमणि त्रिपाठी का विवादों के साथ चोली-दामन का रिश्ता रहा है। 2016 में वह अपनी पत्नी सारा की हत्या के आरोप में जेल भी जा चुके हैं। इससे पूर्व भी कई दफ़ा उनकी झड़प सरकारी अधिकारियों के साथ हुई है। 2017 के विधानसभा चुनाव में सपा द्वारा टिकट काटे जाने के बाद उन्होंने निर्दलीय ही लगभग 22 हजार वोटों से जीत दर्ज की थी।

Tags:
amanmanim tripathi   |  ukad   |  ministration   |  up   |  nautanwa   |  Lockdown   |  kedarnath

Stories for you

SEARCH YOUR MP

Or

Selected MP